रविवार, 25 मई 2025

संकल्प

     

 

         संकल्प

काहे झुकी जब गलती ना बा

काहे रुकी जब लक्ष हि बा

गिर के उठेम उठ के चलेम

हिम्मत हि हमर हौंसला बा


चाहे धरती फाटे लागे

चाहे बिजली डांटे लागे

चाहे कही बिछल होये आगी

पर हिम्मत कबो ना हारी


रण भूमि के बनेम विजेता

कृष्ण से शिख बनेम रणनेता

युधिष्ठिर के विचार अपनाएम

आपन पताका हम लहराएम

           उदय शंकर "प्रसाद"

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